तुम्हारी मेरी बात के जानेगो कोई लिरिक्स | Tumhari Meri Baat Ke Janego Koi Lyrics

कृष्ण भगवान का यह अद्बुध भजन “तुम्हारी मेरी बात के जानेगो कोई लिरिक्स | Tumhari Meri Baat Ke Janego Koi Lyrics” विकाश रुइया जी के द्वारा गाया हुआ है। भजन के लिरिक्स हिंदी और इंग्लिश में वीडियो के साथ दिए हुए है।


Tumhari Meri Baat Ke Janego Koi Lyrics

तुम्हारी मेरी बात, के जानेगो कोई,
है कितनी दफाई, ये पलका भिगोई,
तुम्हारी मेरीं बात।।

जितना भी तेरी याद का आंसू,
मेरे खातिर दिवाली,
मैं एक बन का फुल हूँ माधव,
तू ही तो इसका माली,
दया से तुम्हारी ये, फुला फला है,
कलाकार की ये निराली कला है,
मैं गुणगान गाऊं, उतने ही कम है,
मेरी कुछ ना हस्ती, तुम्हे ही शरम है,
अनजाने ही तेरी याद में, कितनी रातां खोई।

तुम्हारी मेरीं बात, के जानेगो कोई,
है कितनी दफाई, ये पलका भिगोई,
तुम्हारी मेरीं बात।।

मुझमे कोई इल्म नहीं है,
तेरी प्रीत निभाने का,
अक्कल काम नहीं करती है,
देख के हाल जमाने का,
किधर से किधर, आदमी जा रहा है,
नजर ना कोई, रास्ता आ रहा है,
दिलाते तुम्हे याद, मैं आ रहा हूँ,
इशारे पे तेरे, चले जा रहा हूँ,
सर आंख्या पर हुकुम तिहारो,
तू करसी सो होई।

तुम्हारी मेरीं बात,के जानेगो कोई,
है कितनी दफाई,ये पलका भिगोई,
तुम्हारी मेरीं बात।।

तेरी मेरी प्रीत के माई,
तीजो कोई पंच नहीं,
तेरी पूजा अर्चन का है,
मन मंदिर सा मंच नहीं,
तेरा नाम लेकर, जिए जा रहा हूँ,
ये बेजोड़ हाला, पिए जा रहा हूँ,
मेरी जिन्दगी तेरी, बांकी अदा है,
ये ‘शिव’ तो दीवाना, तुम्ही पे फ़िदा है,
‘श्यामबहादुर’ उड़ता हँसा,
देख जगत क्यों रोई।

तुम्हारी मेरीं बात, के जानेगो कोई,
है कितनी दफाई, ये पलका भिगोई,
तुम्हारी मेरीं बात।।

तुम्हारी मेरी बात, के जानेगो कोई,
है कितनी दफाई, ये पलका भिगोई,
तुम्हारी मेरीं बात।।

Tumhari Meri Baat Ke Janego Koi Lyrics

हमें उम्मीद है की श्री कृष्ण के भक्तो को यह आर्टिकल “तुम्हारी मेरी बात के जानेगो कोई लिरिक्स | Tumhari Meri Baat Ke Janego Koi Lyrics” + Video +Audio बहुत पसंद आया होगा। “तुम्हारी मेरी बात के जानेगो कोई लिरिक्स | Tumhari Meri Baat Ke Janego Koi Lyrics” भजन के आपके क्या विचार है वो हमे कमेंट करके अवश्य बताये।

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